नाव हादसा: बांदा व फतेहपुर जिले में अब तक कुल 11 शव बरामद, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

Edited By Imran,Updated: 13 Aug, 2022 10:11 AM

a total of 11 bodies have been recovered so far in banda and fatehpur districts

उत्तर प्रदेश के बांदा व फतेहपुर जिले में हुए नाव हादसे में अब तक कुल 11 डेडबॉडी बरामद हुई है। वहीं, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ व किशनपुर पुलिस द्वारा गोताखोरों को लगाकर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।  इसके साथ ही जिला प्रशासन के द्वारा बरामद डेडबॉडी की...

बांदा: उत्तर प्रदेश के बांदा व फतेहपुर जिले में हुए नाव हादसे में अब तक कुल 11 डेडबॉडी बरामद हुई है। वहीं, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ व किशनपुर पुलिस द्वारा गोताखोरों को लगाकर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।  इसके साथ ही जिला प्रशासन के द्वारा बरामद डेडबॉडी की शिनाख्त की जा रही है। 
PunjabKesari
चित्रकूट प्रशासन ने भी चलाया यमुना नदी में सर्च अभियान
बांदा  बड़े नाव हादसे मामले को लेकर चित्रकूट प्रशासन ने भी चलाया यमुना नदी में सर्च अभियान। आपको बता दे कि बांदा नाव हादसे मे अभी दो दर्जन से ज्यादा लोग ला पता है जिनका अभी तक कोई पता नहीं चल पा रहा है। इसी को लेकर चित्रकूट मे यमुना नदी में गोताखोर जुटे हुए हैं सर्च अभियान में । यमुना नदी में महाजाल डाला गया है। राजापुर यमुना नदी का जायजा एसपी चित्रकूट ने लिया।
PunjabKesari
60 जवान आठ मोटर बोट से पूरा दिन तलाशे
आपको बता दें कि शुक्रवार को बांदा में यमुना नदी में नाव डूबने से लापता हुए 32 लोगों को खोजने के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की कुल छह टीमें लगी रहीं। इन टीमों के 60 जवान आठ मोटर बोट से पूरा दिन तलाशने के बाद भी किसी को नहीं ढूंढ पाए हैं। 
PunjabKesari

केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति प्रशासन पर लगाया आरोप
उधर, फ़तेहपुर जिले के असोथर राम नगर कौहन्न घाट पहुंची जिले की सांसद व केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने कल बाँदा जिले के मरका घाट पर यमुना नदी में 40 लोगों को फ़तेहपुर लाते समय बीच धारा डूब गई थी। जिसमे लापता लोगों के तलाश को चल रहे रेस्क्यू ऑपरेशन का जायजा लिया। केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि घटना के बाद बाँदा प्रशासन ने फ़तेहपुर प्रशासन से तुरंत सहयोग नही लिया। नदी में रेस्क्यू के लिए बड़े स्टीमर व जाल की मांग किया है। केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि फ़तेहपुर बाँदा की यह बड़ी घटना है अभी पता नही चल रहा कि नाव कहा डूबी है और नाव में दो जिले के अलावा किस जिले के लोग सवार थे। 

साध्वी निरंजन कहा कि हादसे के बाद बाँदा प्रशासन ने फ़तेहपुर प्रशासन को बताना उचित नहीं समझा और सहयोग नही लिया।लापता लोगो के लिए लखनऊ व प्रयागराज में बात कर बड़ा जाल व स्टीमर की मांग किया है। जिससे रेस्क्यू ऑपरेशन और तेज किया जाए। उन्होंने कहा कि दोनों जिले के डीएम को निर्देश दिया है रोक के बाद भी नाव का संचालन कैसे चल रहा था। जांच कर कार्यवाही करें। क्योंकि नाव में क्षमता से अधिक लोगों के सवार होने से हादसा हुआ है।

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!