Edited By Purnima Singh,Updated: 08 Jan, 2026 07:20 PM

उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में नगर पालिका परिषद प्रशासन ने समाजवादी पार्टी (सपा) की जनपद इकाई को जमीन के आवंटन को रद्द किये जाने का हवाला देते हुए 15 दिनों के अंदर अपना कार्यालय खाली करने का नोटिस जारी किया है। नगर पालिका परिषद के अधिकारियों के...
सीतापुर : उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में नगर पालिका परिषद प्रशासन ने समाजवादी पार्टी (सपा) की जनपद इकाई को जमीन के आवंटन को रद्द किये जाने का हवाला देते हुए 15 दिनों के अंदर अपना कार्यालय खाली करने का नोटिस जारी किया है। नगर पालिका परिषद के अधिकारियों के अनुसार 15 जनवरी, 2005 को सपा को लगभग तीन हजार वर्ग फुट जमीन 100 रुपये प्रति वर्ष के किराये पर आवंटित की गई थी लेकिन अनिवार्य प्रावधानों के उल्लंघन के कारण 14 मई 2005 को आवंटन रद्द कर दिया गया था।
टाउन हॉल से हटेगा सपा का दफ्तर
उन्होंने बताया कि सपा कार्यालय को जारी किए गए नोटिस में कहा गया है, "चूंकि आवंटन रद्द कर दिया गया है इसलिए परिसर का इस्तेमाल जारी रखना नियमों के खिलाफ है।" नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी वैभव त्रिपाठी ने बृहस्पतिवार को कहा, " टाउन हॉल सार्वजनिक संपत्ति है और किसी भी अवैध कब्जे को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नगर पालिका इसे जनहित में अपने मूल रूप में इस्तेमाल करना चाहती है।" इस बीच, सपा के जिलाध्यक्ष छत्रपाल यादव ने नोटिस को 'अवैध' बताते हुए दावा किया कि पार्टी के पास जमीन के वैध पट्टे के दस्तावेज हैं।
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सात जनवरी को चस्पा हुआ नोटिस
छत्रपाल यादव ने मीडिया से कहा, "हमें पहले सूचित नहीं किया गया था। नोटिस सात जनवरी को देर से चिपकाया गया था। हम वरिष्ठ नेताओं को सूचित करने के बाद कानूनी जवाब देंगे।" सपा के पूर्व विधायक और पार्टी के राष्ट्रीय सचिव अनूप गुप्ता ने पक्षपातपूर्ण कार्रवाई का आरोप लगाते हुए कहा, "भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कई कार्यालय सरकारी जमीन पर हैं लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाती है। हम कानूनी सलाह के बाद नोटिस का जवाब देंगे।"
भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ला ने कहा, "अगर किसी चीज पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है, तो उसे खाली किया जाना चाहिए। नोटिस उचित प्रक्रिया के बाद दिया गया है।" भाजपा प्रवक्ता एस एन सिंह ने इस मामले को लेकर कहा, "नोटिस नगर पालिका द्वारा जारी किया गया है और यह पूरी तरह से विधिसम्मत है।"