Edited By Anil Kapoor,Updated: 10 Jan, 2026 07:37 AM

Lucknow News: राजधानी लखनऊ के केजीएमयू अस्पताल से जुड़े धर्मांतरण मामले में फरार आरोपी डॉ. रमीजुद्दीन को पुलिस ने बीते शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी करीब दो हफ्ते से फरार था और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित......
Lucknow News: राजधानी लखनऊ के केजीएमयू अस्पताल से जुड़े धर्मांतरण मामले में फरार आरोपी डॉ. रमीजुद्दीन को पुलिस ने बीते शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी करीब दो हफ्ते से फरार था और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था। पुलिस ने बताया कि डॉ. रमीजुद्दीन अपने किराए के मकान को खाली करने और लखनऊ कोर्ट में सरेंडर करने के लिए आया था। इसी दौरान उसे चौक पुलिस ने दबोच लिया।
गिरफ्तार होने के पीछे खुलासा
जांच के दौरान सामने आया कि डॉ. रमीजुद्दीन हिंदू लड़कियों को अपने प्यार और जाल में फंसाता था। वह उनसे फोन पर घंटों बात करता और मनोवैज्ञानिक दबाव बनाकर धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश करता था। इसके अलावा, जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी के माता-पिता भी इस मामले में समान भागीदार रहे हैं। एक और महिला ने आरोप लगाया कि डॉ. रमीजुद्दीन ने उसे जबरन धर्म परिवर्तन और गर्भपात के लिए मजबूर किया।
संपत्ति और जाति का मामला
पुलिस ने यह भी बताया कि डॉ. रमीजुद्दीन मलिक जाति का नहीं बल्कि बंजारा जाति का है। उसके खिलाफ कार्रवाई के तहत संपत्तियों को जब्त करने का नोटिस उसके लखनऊ स्थित मकान और उत्तर प्रदेश व उत्तराखंड में परिवार से जुड़े अन्य स्थानों पर चिपकाए गए हैं।
गिरफ्तारी के समय की स्थिति
डॉ. रमीजुद्दीन अपने किराए के मकान में कुछ सामान लेने आया था। इसी दौरान पुलिस ने उसे दबोच लिया। उसके ऊपर पहले से ही इनामी घोषित था। पुलिस अब पूरी तरह से मामले की जांच कर रही है और आरोपी को कोर्ट में पेश किया जाएगा।