Edited By Imran,Updated: 25 May, 2022 06:56 PM

जिले के काकादेव क्षेत्र में एक नाबालिग दलित लड़के का जबरन धर्मांतरण और निकाह कराने के आरोप में पुलिस ने 24 वर्षीय एक महिला, उसके माता-पिता और एक मौलवी को गिरफ्तार किया है। सोशल मीडिया पर इस कथित निकाह का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई...
कानपुर: जिले के काकादेव क्षेत्र में एक नाबालिग दलित लड़के का जबरन धर्मांतरण और निकाह कराने के आरोप में पुलिस ने 24 वर्षीय एक महिला, उसके माता-पिता और एक मौलवी को गिरफ्तार किया है। सोशल मीडिया पर इस कथित निकाह का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई की है।
इस मामले के विरोध में बजरंग दल ने काकादेव थाने के बाहर धरना प्रदर्शन किया था। पुलिस उपायुक्त (पश्चिमी) बीबीजीटीएस मूर्ति ने बुधवार को बताया कि एक नाबालिग दलित लड़के का अपहरण कराने के बाद उसका जबरन धर्मांतरण कराकर उसका निकाह कराने के आरोप में मंगलवार को मोहम्मद हनीफ, उसकी बीवी जमीला बानो, बेटी सिमरन और निकाह कराने वाले मौलवी तौहीद को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार किए गए सभी लोगों के खिलाफ अवैध धर्मांतरण निरोधक अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि इस मामले में काकादेव के थानाध्यक्ष राम कुमार गुप्ता और दारोगा शेर सिंह को जांच में लापरवाही के आरोप में मंगलवार रात निलंबित कर दिया गया।
मूर्ति ने बताया कि 16 वर्षीय जिस लड़के के साथ ही यह घटना हुई वह पिछले शनिवार को गोरखपुर स्थित अपने घर से भागकर आया था और एक ढाबे में काम करता था। उन्होंने बताया कि लड़के की मां ने पुलिस में दर्ज कराई गई शिकायत में बताया है कि उसका बेटा रविवार की रात घर लौट आया था। उसने उसे बताया कि वह सिमरन के घर गया था, जहां उसे खाने में नशीला पदार्थ मिलाकर खिला दिया गया। हल्की बेहोशी की हालत में उसका धर्मांतरण कराया गया और उसी हालत में सिमरन से उसका निकाह भी करा दिया गया। मूर्ति ने बताया कि मामले की शुरुआती जांच में पता लगा है कि सिमरन पहले से ही शादीशुदा है और उसकी तीन साल की एक बेटी भी है। उसका शौहर उसे दो साल पहले छोड़ कर चला गया था।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक वह लड़का सोशल मीडिया के माध्यम से सिमरन के संपर्क में आया था और दोनों के बीच लगातार बातचीत होती थी।