Edited By Tamanna Bhardwaj,Updated: 24 Dec, 2020 03:02 PM

केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ भारतीय किसान यूनियन (भानु) का चिल्ला बॉर्डर पर धरना जारी है और बृहस्पतिवार को भी 11 किसान भूख हड़ताल पर बैठे। भाकियू (भानु) के प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार पूरी तरह से हठधर्मिता पर अड़ी...
नोएडा: केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ भारतीय किसान यूनियन (भानु) का चिल्ला बॉर्डर पर धरना जारी है और बृहस्पतिवार को भी 11 किसान भूख हड़ताल पर बैठे। भाकियू (भानु) के प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार पूरी तरह से हठधर्मिता पर अड़ी हुई है। कड़ाके की ठंड में खुले आसमान तले धरना दे रहे किसानों की सरकार सुध नहीं ले रही है। उन्होंने कहा, ‘‘केंद्र सरकार किसानों को प्रताड़ित करने का काम कर रही है, लेकिन किसान झुकने और टूटने वाले नहीं है। केंद्र सरकार को किसान विरोधी तीनों कृषि कानूनों को वापस लेना होगा, अन्यथा धरना इसी तरह जारी रहेगा।''
इस बीच, दलित प्रेरणा स्थल पर धरना दे रहे भारतीय किसान यूनियन (लोक शक्ति) के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्यौराज सिंह ने कहा कि भाजपा के जनप्रतिनिधि अगर उन्हें कृषि कानून के फायदे समझाने में सफल रहे तो वह अपना धरना समाप्त कर देंगे। सिंह ने कहा कि गौतम बुद्ध नगर के सांसद महेश शर्मा, राज्यसभा सांसद सुरेंद्र नागर, विधायक पंकज सिंह समेत भाजपा के नेताओं को वह कानून पर बहस के लिए आमंत्रित करते हैं।