Edited By Anil Kapoor,Updated: 03 Feb, 2026 02:23 PM

Mathura News: मथुरा जिले के प्रसिद्ध ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में स्टील रेलिंग लगाने के ठेके को लेकर ब्रज क्षेत्र में विवाद खड़ा हो गया है। कुछ साधु-संतों ने इस काम का ठेका एक मुस्लिम फर्म को दिए जाने पर आपत्ति जताई है और इसे लेकर प्रशासन से...
Mathura News: मथुरा जिले के प्रसिद्ध ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में स्टील रेलिंग लगाने के ठेके को लेकर ब्रज क्षेत्र में विवाद खड़ा हो गया है। कुछ साधु-संतों ने इस काम का ठेका एक मुस्लिम फर्म को दिए जाने पर आपत्ति जताई है और इसे लेकर प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है।
साधु-संतों की आपत्ति क्या है?
श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष दिनेश फलाहारी महाराज ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर इस निर्णय पर नाराजगी जताई है। उनका कहना है कि मंदिर परिसर से जुड़े कार्यों में स्थानीय हिंदू ठेकेदारों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने ठेका प्रक्रिया की जांच कराने और इसे निरस्त करने की मांग की है। फलाहारी महाराज का आरोप है कि मंदिर जैसे धार्मिक स्थल से जुड़े कार्यों में आस्था और परंपराओं का ध्यान रखा जाना चाहिए। इस मुद्दे पर ब्रज क्षेत्र के कुछ अन्य साधु-संतों ने भी विरोध जताया है।
प्रशासन का पक्ष
इस पूरे मामले पर जिला प्रशासन ने अलग तस्वीर पेश की है। ADM पंकज वर्मा के अनुसार स्टील रेलिंग का काम मंदिर के सीधे बजट से नहीं हो रहा है। जिन बैंकों में मंदिर का धन जमा है, उन्हीं बैंकों ने अपने CSR (कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी) फंड से यह कार्य कराने का प्रस्ताव दिया था। बैंक ने कोटेशन प्रक्रिया के आधार पर ‘कनिका कंस्ट्रक्शन’ नाम की कंपनी को चुना। प्रशासन का कहना है कि संस्था का संचालन रंजन नामक व्यक्ति कर रहा है और साइट पर कार्य की निगरानी फील्ड मैनेजर रुपेश शर्मा देख रहे हैं। रेलिंग लगाने का काम लगभग पूरा हो चुका है।
अब आगे क्या?
मामले को लेकर विरोध और प्रशासनिक पक्ष दोनों सामने आने के बाद अब नजर इस बात पर है कि सरकार या जिला प्रशासन आगे क्या निर्णय लेते हैं। फिलहाल काम रुकने की कोई आधिकारिक सूचना नहीं है।