आपके पास स्कॉर्पियो और बड़ा घर है तो आरक्षण क्यों चाहिए? सवाल सुन भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर ने दिया ऐसा जवाब

Edited By Tamanna Bhardwaj,Updated: 13 Nov, 2021 06:12 PM

army chief chandrashekhar was asked a personal question

यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर सभी राजनीतिक पार्टियां जीत निश्चित करने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा रही हैं। चुनावी साल है तो गठबंधन, जातीय समीकरण, वोट बैंक और दल बदलने की भी खूब उठा पठक चल रही है। ऐसे में भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद भी आगामी चुना...

लखनऊ: यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर सभी राजनीतिक पार्टियां जीत निश्चित करने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा रही हैं। चुनावी साल है तो गठबंधन, जातीय समीकरण, वोट बैंक और दल बदलने की भी खूब उठा पठक चल रही है। ऐसे में भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद भी आगामी चुनावों के लिए खासा एक्टीव दिखाई दें रहे हैं। हाल ही में एक टीवी चैनल पर हुए एक पुराने इंटरव्यू को लेकर चंद्रशेखर चर्चा में हैं। 
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चैनल से बातचीत के दौरान उनसे आगे की रणनीति पर तो सवाल किए गए, लेकिन उनसे निजी जीवन से भी पूछा गया। ​चंद्रशेखर से सवाल किया गया था, ‘बहुत सारे लोग जो आपको देख रहे हैं। उनके मन में सवाल होगा कि इनके पास तो स्कॉर्पियो है, गाय हैं और इतना बड़ा घर है तो इन्हें आरक्षण की क्या जरूरत है?’
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इस पर चंद्रशेखर ने जवाब दिया कि असली सवाल सामाजिक भागीदारी का है। सारा सिस्टम आपके हाथ में है और हम लोग तो अपना अस्तित्व ही खोज रहे हैं। बात इस घर की नहीं है, बात है कि हमारे समाज के कितने लोग सिस्टम का हिस्सा हैं? क्योंकि समाज का भला करने के लिए नीतियां बननी बहुत जरूरी हैं जब हमारे लोग ही सिस्टम में नहीं हैं तो हमारे बारे में कौन सोचेगा? जो लोग सुबह-शाम पानी पीकर आरक्षण को गाली देते हैं वो मेरे बारे में क्यों सोचेंगे? आप लोग हमारे हालात तो देखिए। सरकार गरीबों के लिए कार्यक्रम लाए, लेकिन हमारी भागीदारी तो दे।’
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चंद्रशेखर आजाद आगे कहते हैं, ‘लोग कहते हैं कि दलितों में बदबू आती है। ऐसी घृणा करने का क्या मतलब है? आदिवासियों के साथ गलत व्यवहार हो रहा है। ये सभी लोग सिस्टम के कारण ही ऐसे बने हैं। हम लोगों को कब अधिकार दिए गए? जब हमारे पास अधिकार ही नहीं थे तो हम लोगों ने जाति कैसे बना दी? हम तो खुद इस जातिवाद से बाहर आना चाहते हैं।’
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उनसे एक और सवाल किया गया कि फॉर्च्यूर-रेंज रोवर के पैसे कहां से आते हैं? इस पर उन्होंने कहा था कि मेरे नाम पर सिर्फ एक मोटरसाइकिल है और वो भी मेरे पिता जी ने मुझे दी थी। जहां तक मेरे फॉर्च्यूनर और रेंज रोवर में घूमने का सवाल है तो ये हमारे साथी मुहैया करवाते हैं। मैं तो चाहता हूं कि हमारे देश के हर नागरिक के पास अपनी गाड़ी होनी चाहिए।’

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