Edited By Ramkesh,Updated: 04 Apr, 2026 06:59 PM

उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर जिले में दिवाली के दिन हुए सनसनीखेज डबल मडर्र मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। जारचा थाना क्षेत्र के सैंथली गांव में हुए दोहरे हत्याकांड के मुख्य साजिशकर्ता और गैंगस्टर एक्ट में वांछित आरोपी सैन्सरपाल को पुलिस ने...
ग्रेटर नोएडा: उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर जिले में दिवाली के दिन हुए सनसनीखेज डबल मडर्र मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। जारचा थाना क्षेत्र के सैंथली गांव में हुए दोहरे हत्याकांड के मुख्य साजिशकर्ता और गैंगस्टर एक्ट में वांछित आरोपी सैन्सरपाल को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था। शनिवार को पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के संबंध में जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि यह घटना पिछले वर्ष 20 अक्टूबर (दिवाली) को सैंथली गांव में हुई थी, जहां नाली के पानी के निकास को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि गोलीबारी तक पहुंच गया। इस खूनी संघर्ष में अजयपाल भाटी और उनके भतीजे दीपांशु भाटी की मौके पर ही मौत हो गई थी। इस हत्याकांड में मनोज नागर उफर् पहलवान और प्रिंस भाटी को पहले ही पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है।
पुलिस ने उनके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई महिंद्रा थार गाड़ी और अवैध हथियार भी बरामद किए थे। घटना के बाद क्षेत्र में भारी तनाव फैल गया था, जिसके चलते भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा। मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में जारचा थाना प्रभारी, चार उपनिरीक्षकों और दो कांस्टेबलों को भी निलंबित किया गया था। सम्बन्धित मामले में सैन्सरपाल गैंगस्टर एक्ट के तहत वांछित था और लंबे समय से फरार चल रहा था। जारचा थाना पुलिस ने मैनुअल इंटेलिजेंस और गोपनीय सूचना के आधार पर कारर्वाई करते हुए उसे उसके ही गांव सैंथली से गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी सैन्सरपाल (70), पुत्र माखन, सैंथली गांव का निवासी है। पुलिस अब उससे गहन पूछताछ कर रही है ताकि पूरे षड्यंत्र और अन्य शामिल लोगों की भूमिका का खुलासा किया जा सके। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही पूरे नेटवकर् का पर्दाफाश किया जाएगा। दिवाली जैसे त्योहार के दिन हुए इस दोहरे हत्याकांड ने पूरे इलाके को सकते में डाल दिया था। अब मुख्य साजिशकर्ता की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को उम्मीद है कि इस मामले की परतें पूरी तरह खुलेंगी और सभी दोषियों को सजा दिलाई जा सकेगी।