Edited By Pooja Gill,Updated: 12 Feb, 2026 09:44 AM

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने होली, महाशिवरात्रि और रमजान सहित विभिन्न त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वाले तत्वों के विरुद्ध सख्ती से निपटने के निर्देश दिए...
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने होली, महाशिवरात्रि और रमजान सहित विभिन्न त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वाले तत्वों के विरुद्ध सख्ती से निपटने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने यहां लोक भवन में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ प्रदेश की कानून-व्यवस्था की समीक्षा बैठक की। बैठक में सभी मंडलों, पुलिस जोन, रेंज और जनपदों के प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।
'रंग में भंग डालने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो'
एक आधिकारिक बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री ने कहा कि दो से चार मार्च तक होली का पर्व मनाया जाएगा और ब्रज क्षेत्र सहित पूरे प्रदेश में उत्सव का माहौल रहेगा। उन्होंने निर्देश दिए कि शोभायात्राओं में उपद्रवी तत्वों की घुसपैठ किसी भी स्थिति में न होने पाए और रंग में भंग डालने या उन्माद फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। योगी ने कहा कि विगत वर्षों की घटनाओं से सीख लेते हुए स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप सतर्कता, निगरानी और प्रबंधन को और मजबूत किया जाए। उन्होंने कहा कि होलिका दहन केवल परंपरागत स्थलों पर ही कराया जाए और सड़क के बीच किसी भी स्थिति में न किया जाए। इसके साथ ही सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वाली पोस्ट पर भी सतत निगरानी रखने के निर्देश दिये गये।
'पुलिस व प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहे'
मुख्यमंत्री ने महाशिवरात्रि, होली और रमजान के साथ ही माध्यमिक शिक्षा परिषद की बोर्ड परीक्षाओं, जनगणना और अन्य महत्वपूर्ण आयोजनों को देखते हुए शांति, सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कांवड़ यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और किसी भी प्रकार की दुर्घटना रोकने के लिए पुलिस व प्रशासन को पूरी तरह सतर्क रहने को कहा। पुलिस महानिदेशक ने बताया कि संबंधित दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
'NDRF और SDRF की टीमें 24 घंटे सक्रिय रहें'
सीएम योगी ने वाराणसी, मेरठ, लखीमपुर खीरी और बाराबंकी के जिलाधिकारियों से महाशिवरात्रि की तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि 14 और 15 फरवरी को प्रमुख शिवधामों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचेंगे, इसलिए सुगम दर्शन, यातायात, पार्किंग, महिला सुरक्षा और आपात स्थिति से निपटने के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें 24 घंटे सक्रिय रहें। योगी ने कहा कि मंदिर परिसरों में पर्याप्त महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती भी सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने यातायात जाम के स्थायी समाधान, रात्रि 10 बजे के बाद डीजे व तेज ध्वनि उपकरणों पर पूर्ण प्रतिबंध के कड़ाई से पालन और धर्मस्थलों के आसपास भिक्षावृत्ति पर प्रभावी रोक लगाने के निर्देश दिए।
'सभी आयोजनों की तैयारियां समय से पूरी की जाएं'
सीएम ने कहा कि 18 फरवरी से शुरू हो रही 10वीं व 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं नकलविहीन हों और परीक्षा की शुचिता से खिलवाड़ करने वालों के विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की जाए। योगी ने रमजान और संभावित रूप से 21 मार्च को ईद के मद्देनजर धर्मगुरुओं से संवाद बनाए रखने और किसी नई परंपरा की शुरुआत न होने देने के निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री ने बताया कि 19 मार्च से नवरात्र और इसके बाद रामनवमी का पर्व आएगा तथा इन सभी आयोजनों की तैयारियां समय से पूरी की जाएं व जनगणना के प्रथम चरण के लिए भी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।