Edited By Pooja Gill,Updated: 07 Feb, 2026 09:14 AM

बागपत: उत्तर प्रदेश के बागपत जिले की बड़ौत तहसील में तहसीलदार कार्यालय में कार्यरत एक प्राइवेट कर्मचारी को एंटी करप्शन टीम ने 10 हजार रुपये की रिश्वत...
बागपत: उत्तर प्रदेश के बागपत जिले की बड़ौत तहसील में तहसीलदार कार्यालय में कार्यरत एक प्राइवेट कर्मचारी को एंटी करप्शन टीम ने शुक्रवार को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। टीम ने आरोपी के खिलाफ बड़ौत कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है।
शिकायत मिलने पर की कार्रवाई
शिकायतकर्ता जिवाना गांव निवासी सोनू के अनुसार उसने तीन वर्ष पूर्व पिछोकरा गांव में चार बीघा जमीन खरीदी थी, लेकिन दाखिल-खारिज कराने के लिए वह लगातार तहसील के चक्कर लगा रहा था। आरोप है कि तहसीलदार के पेशकार के रूप में कार्यरत प्राइवेट कर्मचारी प्रमोद कुमार ने दाखिल-खारिज कराने के एवज में 10 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की और शुक्रवार को तहसील आने को कहा।
योजना बनाकर रंगेहाथ दबोचा
पीड़ित ने इसकी शिकायत एंटी करप्शन विभाग मेरठ से की। तय योजना के तहत तहसील परिसर स्थित कैंटीन में जैसे ही किसान ने आरोपी को रिश्वत की रकम सौंपी, टीम ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। कारर्वाई के दौरान एक अन्य तहसील कर्मी के मौके से फरार होने की भी सूचना है। एंटी करप्शन टीम आरोपी से पूछताछ कर रही है तथा मामले की विस्तृत जांच जारी है।