Edited By Ramkesh,Updated: 20 Mar, 2026 06:19 PM
उत्तर प्रदेश के अधिसंख्य क्षेत्रों में तेज रफ्तार हवा और बारिश से बढ़ते तापमान में फौरी ब्रेक लगा है वहीं मौसम के इस बदलाव के चलते खेत खलिहान में पकी पड़ी फसल के नुकसान की भी संभावना गहरा गयी है और अन्नदाताओं की चिंता में इजाफा हुआ है।
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के अधिसंख्य क्षेत्रों में तेज रफ्तार हवा और बारिश से बढ़ते तापमान में फौरी ब्रेक लगा है वहीं मौसम के इस बदलाव के चलते खेत खलिहान में पकी पड़ी फसल के नुकसान की भी संभावना गहरा गयी है और अन्नदाताओं की चिंता में इजाफा हुआ है। मौसम विज्ञान विभाग के लखनऊ केंद्र ने उत्तर प्रदेश में आंधी, बारिश, वज्रपात और ओलावृष्टि की संभावना को देखते हुए 20-21 मार्च के लिए ऑरेंज अलटर् जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से प्रदेश में कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश और तेज झोंकेदार हवाएं (50-60 किमी प्रति घंटा) चलने की संभावना है। इस दौरान अधिकतम तापमान में 7-9 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है।
21 मार्च तक मौसम रहेगा सक्रिय
पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अनेक जिलों में वज्रपात, तेज हवाओं और कहीं-कहीं ओलावृष्टि की आशंका जताई गई है। 21 मार्च को भी कुछ स्थानों पर मौसम सक्रिय रहेगा, जबकि 22 मार्च से मौसम शुष्क होने की संभावना है। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान घरों में रहने, पेड़ों के नीचे आश्रय न लेने और बिजली उपकरणों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है।
आंधी बारिश से चार लोगों की मौत
किसानों को पकी फसल की शीघ्र कटाई कर सुरक्षित स्थान पर रखने और खेतों में जल निकासी की व्यवस्था करने को कहा गया है। इस बीच मथुरा,आगरा,अलीगढ़,इटावा,कानपुर,लखनऊ,प्रयागराज,वाराणसी और भदोही समेत कई स्थानो पर आंधी बारिश से फसल प्रभावित होने की सूचना है वहीं वर्षाजनित हादसों में कम से कम चार लोगों की मृत्यु हो गयी जबकि कुछ मवेशी भी हताहत हुये हैं। जौनपुर जिले में मीरगंज थाना क्षेत्र के ग्राम मोलनापुर में आज सुबह बिजली गिरने से एक युवक की मौत हो गई। पुलिस सूत्रों ने बताया कि अजीत चौहान (19) आज सुबह घर से शौच के लिए बाहर गया था, तभी खुले मैदान में उस पर वज्रपात हुआ। परिजनों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुँचाया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
दिवार गिरने से मासूम गंभीर रुप से घायल
प्रयागराज के बहादुरपुर क्षेत्र के चकिया घराहरा गांव में शुक्रवार सुबह बिजली गिरने से किसान संग्राम सिंह (60) की मौत हो गयी जबकि उनका बड़ा बेटा ज्ञानचंद यादव (35) गंभीर रूप से घायल हुआ। इसके अलावा दो गायों की भी जान चली गई। कानपुर के रावतपुर क्षेत्र में दीवार गिरने से एक मासूम गंभीर रुप से घायल हो गयी।
आंधी बारिश से जनजीवन प्रभावित
राजधानी लखनऊ में सुबह की शुरुआत धूप के साथ हुई, लेकिन करीब 9 बजे के बाद अचानक घने काले बादलों ने आसमान को ढक लिया। कुछ ही देर में अंधेरा छा गया और तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई। इस अचानक बदलाव से जहां लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली, वहीं सुबह घर से निकले लोग बारिश और तेज हवा के कारण परेशान भी नजर आए। गुरुवार शाम से ही मौसम का मिजाज बदलना शुरू हो गया था। देर रात कई इलाकों में तेज बारिश हुई, जिससे कुछ जगहों पर जलभराव की स्थिति भी बनी। जालौन,हमीरपुर में भी आंधी बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है। बारिश से गिरी गेहूं की फसल के साथ सरसों, चना, मटर, मसूर व आम की फसल को भी नुकसान पहुंचा है।
अगले 24 घंटे के दौरान आसमान में बादल छाये रहने के आसार
कानपुर की सुबह शुक्रवार को आसमान से घिरे बादलों और हल्की फुहारों से हुयी। मौसम में आये बदलाव से लोगों को एक बार फिर ठंड का अहसास हुआ। मौसम विभाग के अनुसार कानपुर में आज सुबह का तापमान लगभग 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जबकि हवा में नमी का स्तर 25 प्रतिशत के आसपास रहा। मौसम में आया फौरी बदलाव पहाड़ी क्षेत्रों में हुयी बफर्वारी और हवा के कम दवाब के क्षेत्र के कारण हुआ है। अगले 24 घंटे के दौरान आसमान में बादल छाये रहने के आसार हैं। इस दौरान छिटपुट बौछारें गिरने का अनुमान है। भदोही समेत पूर्वांचल के अन्य जिलों में गुरुवार की अर्धरात्रि से बादलों की तेज गड़गड़ाहट के साथ शुरू हुई बूंदाबादी शुक्रवार को भी जारी रही। बेमौसम शुरू हुई बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
पछुआ हवा के झोंकों से बढ़ी ठंड
मौसम विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार मौसम के रुख में बदलाव शनिवार 21 मार्च के बाद ही होने का पूर्वानुमान है। शनिवार को हल्की-फुल्की बारिश के साथ पछुआ हवाएं 15 किमी प्रति घंटा के हिसाब से दर्ज की गई। बूंदाबादी के बीच पछुआ हवा के झोंकों के कारण ऐसा लग रहा जैसे ठंड एक बार फिर वापस लौट आई हो। मौसम की बेरुखी के बीच दिन का तापमान- 34 तथा रात का तापमान - 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम के रुख में अचानक आए बदलाव से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
रवी की फसल को नुकसान का अनुमान
रवी की प्रमुख फसल गेहूं, अरहर, सरसों, चना व मटर लगभग पककर तैयार हो चुकी है। किसान इन फसलों की कटाई व मड़ाई की तैयारी में जुटे ही थे कि अचानक खराब हुए मौसम के कारण लोगों की चिंता बढ़ गई है। वाराणसी में शुक्रवार सुबह मौसम में अचानक बदलाव के साथ तेज हवाएं और रुक-रुक कर बारिश हुई, जिससे जहां लोगों को गर्मी से राहत मिली, वहीं किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचा है। जिला कृषि अधिकारी संगम सिंह ने बताया कि बेमौसम वर्षा से जिन किसानों की फसल क्षतिग्रस्त हुई है और जिन्होंने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बीमा कराया है, वे 72 घंटे के भीतर टोल-फ्री नंबर 14447 पर सूचना दर्ज कराएं।