Edited By Pooja Gill,Updated: 27 Feb, 2026 12:05 PM

लखनऊ: मार्च महीने में राज्य के 3.72 करोड़ बिजली उपभोक्ताओं को राहत मिलने जा रही है। ईंधन अधिभार शुल्क (फ्यूल सरचार्ज) में 2.42 प्रतिशत की कमी की गई है। इसका फायदा उपभोक्ताओं...
लखनऊ: मार्च महीने में राज्य के 3.72 करोड़ बिजली उपभोक्ताओं को राहत मिलने जा रही है। ईंधन अधिभार शुल्क (फ्यूल सरचार्ज) में 2.42 प्रतिशत की कमी की गई है। इसका फायदा उपभोक्ताओं को अगले बिजली बिल में दिखाई देगा। इस कटौती से करीब 141 करोड़ रुपये की राहत मिलेगी। यह कमी पिछले दिसंबर में तय की गई थी, जिसका असर अब मार्च में जारी होने वाले बिलों में दिखेगा।
राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने बताया कि फरवरी में 10 प्रतिशत ईंधन अधिभार वसूले जाने के खिलाफ परिषद ने आपत्ति दर्ज कराई है। इस मामले की जांच नियामक आयोग कर रहा है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2025-26 के लिए विद्युत नियामक आयोग ने औसत बिलिंग दर (एबीआर) 6.36 रुपये प्रति यूनिट तय की है।
हालांकि, टैरिफ आदेश सितंबर में जारी हुआ था। इस देरी के कारण पावर कॉरपोरेशन ने अप्रैल से नवंबर 2024 तक 6.14 रुपये प्रति यूनिट की पुरानी दर के आधार पर अधिभार वसूला। अगर 6.36 रुपये प्रति यूनिट की नई दर से अधिभार तय किया जाए, तो उपभोक्ताओं पर इसका बोझ कम पड़ेगा। अप्रैल से नवंबर तक उपभोक्ताओं से अधिक वसूली गई राशि का मुद्दा भी नियामक आयोग के सामने रखा जाएगा।