पहले, मस्जिदों-मदरसे पर बुलडोजर चलाये …अब मन्दिरों को भी निशाना बनाया जा रहा है: कांग्रेस सांसद का बीजेपी पर तंज

Edited By Ramkesh,Updated: 27 Jan, 2026 06:18 PM

first bulldozers were used on mosques and madrasas now temples are also being

कांग्रेस के स्थानीय सांसद इमरान मसूद ने मंगलवार को कहा कि देश मे अजीबोगरीब हालत पैदा हो गये हैं और हर वर्ग के सामने अपनी पहचान साबित करने की चुनौती खड़ी हो गई है। मसूद ने यहां पत्रकारों से कहा,“देश मे अजीबोगरीब हालत पैदा हो गये हैं। नागरिक हो, तो...

सहारनपुर: कांग्रेस के स्थानीय सांसद इमरान मसूद ने मंगलवार को कहा कि देश मे अजीबोगरीब हालत पैदा हो गये हैं और हर वर्ग के सामने अपनी पहचान साबित करने की चुनौती खड़ी हो गई है। मसूद ने यहां पत्रकारों से कहा,“देश मे अजीबोगरीब हालत पैदा हो गये हैं। नागरिक हो, तो नागरिकता साबित करो, मतदाता हो, तो वह साबित करो।

 उन्होंने कहा,‘‘ और तो और, अगर आप धर्मगुरू हैं तो वह भी साबित कीजिए, शंकराचार्य हैं तो वह भी साबित कीजिए।” मसूद ने कहा, “शंकराचार्य का इससे बडा अपमान क्या हो सकता है। साधु-संतों के नाम पर अपनी राजनीति को खड़ा करने का काम करने वालों के शासन काल में सबसे ज्यादा अपमान साधु-संतो का हो रहा है।” मसूद प्रयागराज में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को 'शंकराचार्य' की उपाधि का उपयोग करने को लेकर मेला प्रशासन द्वारा जारी नोटिस का जिक्र कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि गंगोत्री धाम हिंदुओं का पवित्र स्थल है, वहां पहले से ही कोई मुसलमान नहीं जाता, लेकिन इसके बावजूद पहचान साबित करने जैसी शर्तें लगाकर समाज में जहर धोला जा रहा है। मसूद ने कहा कि हालात ऐसे बना दिये गये हैं कि पहले साबित करो कि तुम हिन्दू हो, तभी मन्दिर जाओगे और इससे पहले कहा जाता था कि नागरिकता साबित करो, लेकिन अब धर्म साबित करने की बात भी हो रही है।

मसूद ने आरोप लगाया कि पहले, मस्जिदों-मदरसे, सैकड़ों साल पुरानी दरगाहों पर बुलडोजर चलाये गये और अब मन्दिरों को भी निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शकराचार्य जी खुद बता रहे हैं कि 150 मन्दिर बनारस मे तोड़ दिये गये।

सांसद ने सवाल उठाया कि किस आधार पर आप अपने को सनातनी कहते हैं। मसूद ने कहा कि भाजपा नफरत फैलाकर असली मुद्दों से ध्यान भटकाना चाहती है। उन्होंने कहा कि भाजपा जातियों के बीच टकराव पैदा करने की कोशिश कर रही है, जबकि देश के असली मुद्दों रोजगार, शिक्षा और अर्थव्यवस्था से ध्यान भटकाया जा रहा है।

 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!