Edited By Umakant yadav,Updated: 25 Jul, 2021 02:02 PM

पुलिस उपाधीक्षक (सीओ) तेजबहादुर सिंह ने रविवार को बताया कि कबरई कस्बे के क्रशर व्यवसायी इंद्रकांत त्रिपाठी की मौत व भ्रष्टाचार के मामले में पिछले दस महीने से फरार निलंबित अधिकारी मणिलाल पाटीदार के खिलाफ शनिवार को एक और मामला महोबा की शहर कोतवाली में...
महोबा: उत्तर प्रदेश के महोबा जिले में एक क्रशर व्यवसायी की मौत से जुड़ी घटना के संबंध में फरार चल रहे पूर्व पुलिस अधीक्षक (एसपी) मणिलाल पाटीदार के खिलाफ अदालत के आदेश की अवहेलना करने का मामला दर्ज किया गया है। कुलपहाड़ क्षेत्र के पुलिस उपाधीक्षक (सीओ) तेजबहादुर सिंह ने रविवार को बताया कि कबरई कस्बे के क्रशर व्यवसायी इंद्रकांत त्रिपाठी की मौत व भ्रष्टाचार के मामले में पिछले दस महीने से फरार निलंबित अधिकारी मणिलाल पाटीदार के खिलाफ शनिवार को एक और मामला महोबा की शहर कोतवाली में दर्ज हुआ है। पाटीदार पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित है।
सीओ ने बताया कि पाटीदार के खिलाफ अदालत के आदेश की अवहेलना करने के आरोप में भारतीय दंड संहिता की धारा 174 (ए) के तहत रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जिम्मेदारी उपनिरीक्षक (एसआई) उपेंद्र प्रताप सिंह को सौंपी गई है। कबरई के क्रशर व्यवसायी इंद्रकांत त्रिपाठी ने सात सितंबर 2020 को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट कर तत्कालीन एसपी पाटीदार पर छह लाख रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था। त्रिपाठी आठ सितंबर को अपनी कार में गोली लगने से घायल अवस्था में मिले थे और 13 सितंबर को कानपुर के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। इंद्रकांत के भाई रविकांत त्रिपाठी ने एसपी पाटीदार, कबरई के तत्कालीन थाना प्रभारी देवेंद्र शुक्ला, क्रशर व्यवसायी सुरेश सोनी व ब्रह्मदत्त के खिलाफ हत्या की कोशिश का मामला दर्ज कराया था।
विशेष जांच टीम (एसआईटी) की छानबीन के बाद मामले को 'आत्महत्या के लिए बाध्य करने' में बदला गया। कबरई के बर्खास्त थाना प्रभारी देवेंद्र शुक्ला, बर्खास्त सिपाही अरुण यादव, क्रशर व्यवसायी सुरेश सोनी और ब्रह्मदत्त लखनऊ की जेल में बंद हैं, लेकिन भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारी पाटीदार अब तक फरार चल रहे हैं।