Edited By Purnima Singh,Updated: 07 Mar, 2026 11:54 AM

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जनपद में कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाते हुए बेखौफ बदमाशों ने शुक्रवार देर शाम एक और सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया। नगर कोतवाली क्षेत्र के मोहारीपुरवा इलाके में एक अधिवक्ता को तमंचे से गोली मारकर लहूलुहान कर दिया गया। पेट में...
बाराबंकी : उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जनपद में कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाते हुए बेखौफ बदमाशों ने शुक्रवार देर शाम एक और सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया। नगर कोतवाली क्षेत्र के मोहारीपुरवा इलाके में एक अधिवक्ता को तमंचे से गोली मारकर लहूलुहान कर दिया गया। पेट में गोली लगने से गंभीर रूप से घायल अधिवक्ता को आनन-फानन में जिला अस्पताल ले जाया गया। जहां नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें लखनऊ के ट्राम सेंटर रेफर कर दिया है। इस दुस्साहसिक वारदात ने शहर में सनसनी फैला दी है और पुलिसिया इकबाल पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पहले से घात लगाए बैठे थे हमलावर
प्राप्त जानकारी के अनुसार सफदरगंज थाना क्षेत्र के वीरबलपुरवा निवासी अधिवक्ता चंद्रेश वर्मा जो बाराबंकी सिविल कोर्ट में प्रैक्टिस करते हैं, उन्होंने हाल ही में मोहारीपुरवा में अपना नया घर बनाया है। शुक्रवार शाम जब वह घर के पास ही मौजूद थे तभी पहले से घात लगाए बैठे 4-5 हमलावरों ने उन्हें घेर लिया। इससे पहले कि वह कुछ समझ पाते हमलावरों ने उन पर सीधा फायर झोंक दिया। गोली अधिवक्ता के पेट में लगी और वह गंभीर रूप से घायल होकर वहीं गिर पड़े जबकि हमलावर अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए।
अपने ही बने जान के दुश्मन
वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और मौके पर अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी) विकास चंद्र त्रिपाठी ने पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में घायल अधिवक्ता ने अपने ही सगे चाचा के बेटों और कुछ अन्य पट्टीदारों पर इस जानलेवा हमले का संगीन आरोप लगाया है। हालांकि हमला किस ठोस वजह से किया गया और इसके पीछे की असली कहानी क्या है यह अभी पुलिस के लिए जांच का विषय है। पुलिस की कई टीमें गठित कर दी गई हैं जो आरोपियों की सरगर्मी से तलाश कर रही हैं।
इस घटना के बाद जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष नरेंद्र वर्मा समेत सैकड़ों अधिवक्ता मौके पर एकत्र हो गए। वकीलों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि अभी कुछ दिन पहले ही अधिवक्ता शोएब किदवई की असेनी मोड़ के पास सरेआम हत्या कर दी गई थी जिसका खुलासा करने में पुलिस अब तक नाकाम रही है। एक के बाद एक अधिवक्ताओं को निशाना बनाए जाने से वकीलों ने सुरक्षा व्यवस्था पर नाराजगी जाहिर की है और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी है।
शहर के बीचों-बीच हुई इस वारदात ने आम नागरिकों को भी खौफजदा कर दिया है। पुलिस अब आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि हमलावरों की पहचान और उनके भागने के रास्ते का सटीक पता लगाया जा सके। बाराबंकी पुलिस के लिए यह मामला अब साख का सवाल बन गया है क्योंकि चंद दिनों के भीतर ही अधिवक्ताओं पर हुआ यह दूसरा बड़ा हमला है।