Edited By Pooja Gill,Updated: 21 Jan, 2026 03:34 PM

लखनऊ: इस वर्ष उत्तर प्रदेश दिवस-2026 को जनोत्सव के रूप में मनाया जाएगा जिसमें प्रदेश के प्रत्येक जनपद की सक्रिय सहभागिता, सांस्कृतिक विविधता और विकास यात्रा प्रदर्शित की जाएगी। 24 से 26 जनवरी...
लखनऊ: इस वर्ष उत्तर प्रदेश दिवस-2026 को जनोत्सव के रूप में मनाया जाएगा जिसमें प्रदेश के प्रत्येक जनपद की सक्रिय सहभागिता, सांस्कृतिक विविधता और विकास यात्रा प्रदर्शित की जाएगी। 24 से 26 जनवरी तक चलने वाले इस आयोजन में उत्तर प्रदेश की संस्कृति, शिल्प, व्यंजन और विकास की उपलब्धियों को जनभागीदारी के माध्यम से एक ही मंच पर प्रस्तुत किया जाएगा।
'यह केवल औपचारिक कार्यक्रम नहीं...'
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा, "यह केवल औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रदेश की पहचान, उपलब्धियों और संभावनाओं को जनसहयोग के साथ प्रदर्शित करने का अवसर है।" उन्होंने सभी व्यवस्थाओं में गरिमा, अनुशासन और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस वर्ष उत्तर प्रदेश दिवस के मुख्य अतिथि के रूप में भारत सरकार के गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह उपस्थित रहेंगे, जिससे आयोजन को राष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट पहचान मिलेगी। राजधानी लखनऊ स्थित राष्ट्र प्रेरणा स्थल पर मुख्य समारोह आयोजित होगा और इसका सीधा प्रसारण पूरे प्रदेश में किया जाएगा।
क्या है थीम?
बयान में कहा गया कि उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर ‘विकसित भारत–विकसित उत्तर प्रदेश' की थीम पर विशेष प्रदर्शनी और शिल्प मेला आयोजित किया जाएगा। इसमें प्रदेश की विकास यात्रा, नवाचार, बुनियादी ढांचा, उद्योग, कृषि, महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाएगा। इस वर्ष ‘एक जनपद–एक व्यंजन' आयोजन का प्रमुख आकर्षण होगा, जिसमें हर जनपद के पारंपरिक व्यंजन एक ही परिसर में उपलब्ध कराए जाएंगे।
सीएम योगी ने दिए ये निर्देश
मुख्यमंत्री ने संस्कृति उत्सव 2025-26 के अंतर्गत प्रस्तावित सांस्कृतिक कार्यक्रमों को उत्तर प्रदेश दिवस से जोड़ने और लोक, शास्त्रीय एवं समकालीन कला रूपों को मंच प्रदान करने के निर्देश दिए। 24 जनवरी के मुख्य समारोह में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले गणमान्य नागरिकों को आमंत्रित किया जाएगा ताकि प्रदेश की सामूहिक उपलब्धियों का सम्मान किया जा सके।