Edited By Tamanna Bhardwaj,Updated: 20 Feb, 2023 08:55 AM
उत्तर प्रदेश विधानमंडल का बजट सत्र सोमवार यानी कि आज से शुरू होगा। कई मुद्दों लेकर बजट सत्रहंगामेदार रहने की संभावना है। मौजूदा सरकार के लिए ये चुनौती से कम नहीं होगा। विपक्ष ने 5 प्रमुख मुद्दों पर योगी ...
लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानमंडल का बजट सत्र सोमवार यानी कि आज से शुरू होगा। कई मुद्दों लेकर बजट सत्रहंगामेदार रहने की संभावना है। मौजूदा सरकार के लिए ये चुनौती से कम नहीं होगा। विपक्ष ने 5 प्रमुख मुद्दों पर योगी आदित्यनाथ सरकार को घेरने की योजना बनाई है। इसके लिए सपा, बसपा और कांग्रेस ने कमर कस ली है। बता दें कि रामचरित मानस चौपाई विवाद, निकाय चुनाव मेँ ओबीसी आरक्षण, रोजगार व शिक्षा से जुड़े मुद्दे विपक्ष उठाने वाला है। कानपुर देहात मेँ अतिक्रमण हटाने के दौरान मां बेटी की मौत और विपक्ष मैनपुरी व खतौली उप चुनाव मेँ जीत के तरकश के तीर छोड़ेगा।
विधान सभा मंडल में सोमवार सुबह 11 बजे विधान परिषद और विधान सभा सदस्यों की संयुक्त बैठक के समक्ष राज्यपाल आनंदीबेन पटेल का अभिभाषण शुरू होगा, जिसमें वह राज्य सरकार के कामकाज का ब्यौरा देंगी। सरकार 22 फरवरी को सुबह 11 बजे दोनों सदनों में वित्तीय वर्ष 2023-24 का बजट पेश करेंगी। योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल का यह दूसरा बजट होगा जिसका आकार लगभग सात लाख करोड़ रुपये होगा। अगले वर्ष होने वाले लोकसभा चुनाव के दृष्टिगत बजट के जरिए युवाओं, महिलाओं, किसानों और कामगारों को साधने की कोशिश होगी।
बता दें कि बजट सत्र के पहले दिन राज्यपाल आनंदीबेन पटेल विधानमंडल के दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन को संबोधित करेंगी जबकि 2023-24 का बजट 22 फरवरी को सदन के पटल पर रखा जायेगा। विधान सभा अध्यक्ष सतीश महाना ने रविवार को सर्वदलीय बैठक में सभी दलीय नेताओं से सहयोग की अपेक्षा की है। उन्होंने आग्रह किया कि सदस्य सदन में केवल हाजिरी न लगाए बल्कि सदन में उपस्थिति भी रहें जिससे प्रदेश का विकास हो सके।
गौरतलब है कि समाजवादी पार्टी ने 15 फरवरी को कहा था कि वह उत्तर प्रदेश विधानसभा में कानपुर देहात जिले में एक अतिक्रमण विरोधी अभियान के दौरान कथित तौर पर आत्मदाह के कारण एक महिला और उसकी बेटी की मौत का मुद्दा उठाएगी। सपा नेताओं ने कहा कि विधानसभा के बजट सत्र में पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए इस मामले पर प्रमुखता से चर्चा की मांग होगी। उल्लेखनीय है कि 13 फरवरी की शाम कानपुर देहात जिले के रूरा थाना इलाके के मडौली गांव में अतिक्रमण विरोधी अभियान के दौरान प्रमिला दीक्षित (45) और उनकी बेटी नेहा दीक्षित (20) ने कथित तौर पर अपनी झोपड़ी में खुद को आग लगा ली थी, जिससे दोनों की मौत हो गई। उनकी झोपड़ी कथित रूप से ग्राम समाज की जमीन पर बनी थी।