Edited By Anil Kapoor,Updated: 29 Sep, 2026 12:27 PM

आमतौर पर जब सड़कें गड्ढों से भर जाती हैं, नाले उफान मारते हैं या बिजली गुल होती है, तो लोग नगर निगम या जिलाधिकारी के दफ्तर का चक्कर काटते हैं। लेकिन उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से एक ऐसा अतरंगी मामला सामने आया है, जिसे पढ़कर आप अपनी हंसी नहीं रोक...
Hardoi News: आमतौर पर जब सड़कें गड्ढों से भर जाती हैं, नाले उफान मारते हैं या बिजली गुल होती है, तो लोग नगर निगम या जिलाधिकारी के दफ्तर का चक्कर काटते हैं। लेकिन उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से एक ऐसा अतरंगी मामला सामने आया है, जिसे पढ़कर आप अपनी हंसी नहीं रोक पाएंगे। जहां लगातार हो रही बारिश से त्रस्त एक युवक ने किसी सरकारी विभाग या अधिकारी पर नहीं, बल्कि सीधे भगवान इंद्रदेव के खिलाफ ही जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत दर्ज करा दी है।
मिली जानकारी के मुताबिक, मामला हरदोई के मल्लावां ब्लॉक स्थित नेवादा परस गांव का है। गांव के रहने वाले सूरज तिवारी पिछले कई घंटों से हो रही रुक-रुक कर तेज और धीमी बारिश से इस कदर आजिज आ चुके थे कि उन्होंने जनसुनवाई पोर्टल खोला और सीधे डीएम साहब को अपनी अर्जी भेज दी। सूरज का कहना है कि इंद्रदेव बिना किसी पूर्व सूचना के जब-तब पानी बरसा रहे हैं, जिससे पूरे इलाके में जलभराव हो गया है। आम जनता का घर से निकलना मुहाल है और किसानों की फसलें चौपट होने की कगार पर पहुंच गई हैं।
बताया जा रहा है कि शिकायत तो खैर अनोखी थी ही, लेकिन इसका असली ट्विस्ट इसके आखिरी नोट में छुपा था। सूरज तिवारी ने अर्जी के अंत में बड़े ही मासूमियत (और तंजिया लहजे) में लिखा- श्रीमान जी, मुझे भगवान इंद्रदेव का मोबाइल नंबर ज्ञात नहीं है। अतः आपसे निवेदन है कि आप अपने दिव्य संपर्क का इस्तेमाल करें और इंद्रदेव को तुरंत बारिश रोकने के सख्त निर्देश जारी करें ताकि जनता को राहत मिल सके।
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जैसे ही यह शिकायत जनसुनवाई पोर्टल से निकलकर सोशल मीडिया पर पहुंची, देखते ही देखते वायरल हो गई। लोग इस पर जमकर मीम्स बना रहे हैं और चटकारे ले रहे हैं। कुछ लोगों का कहना है कि यह युवक का सरकारी सिस्टम पर एक करारा तंज है, तो कुछ लोग इसे देसी जुगाड़ और बेतुकेपन का अल्टीमेट उदाहरण मान रहे हैं। अब देखना यह होगा कि जनसुनवाई पोर्टल पर दर्ज इस दैवीय शिकायत का जवाब हरदोई प्रशासन किस अंदाज में देता है।