Edited By Ramkesh,Updated: 07 Aug, 2020 03:40 PM

देश में कोरोना महामारी के कारण स्कूल कॉलेज बंद है बेरोजगारी अपनी चरम है,ऐसे में लोगों के सामने पैसे-पैसे के लाले पड़ गये है। ऐसे में अपनी जीविका चलाने के लिए किसी भी तरह का खतरा मोल लेने से परहेज नहीं करता है।
फर्रूखाबाद: देश में कोरोना महामारी के कारण स्कूल कॉलेज बंद है बेरोजगारी अपनी चरम है,ऐसे में लोगों के सामने पैसे-पैसे के लाले पड़ गये है। ऐसे में अपनी जीविका चलाने के लिए किसी भी तरह का खतरा मोल लेने से परहेज नहीं करता है। ऐसा ही एक मामला फर्रूखाबाद से सामने आया है। जहां पर चंद रूपए के लिए बच्चे गंगा नदी में स्टंट करते है। जब कि इस समय गंगा अपने उफान पर है।
बता दें कि मामला फर्रूखाबाद के जनपद पांचाल घाट का है जहां पर नाबालिग बच्चें अपनी जान को हथेली पर रख कर नदी पर बने पुल से गंगा में स्टंट कर रहे है। रटंट को देख कर पुल से गुजरने वाले राहगीर इन्हें कुछ रूपए दे देते है। नाबालिग बच्चे चंद पैसों के लिए ऐ सब करते है।
ग़ौरतलब है कि गंगा घाट से पुलिस चौकी की मात्र 100 मीटर ही है, लेकिन कोई पुलिस कर्मी इन नाबालिग को इस कृत्य के लिए नहीं रोकता है। यह सभी बच्चे गंगा के किनारे बसे गांव सोताबहादुरपुर के है। वहीं मीडिया कर्मी ने छलांग लगाने वाले एक बच्चे से उसकी वजह जानने की कोशिश की तो उसकी जुबानी सुनकर उनकी आंखें नम हो गई। सोचो की गरीब इन्सान अपने पेट के लिए क्या नहीं करता है बच्चे जो गंगा नदी में छलांग लगा रहे देखने तो वह खेल है लेकिन जरा सभी चूक हो जाती है तो मौत के शिवा कुछ भी हाथ नहीं लगे।