Edited By Anil Kapoor,Updated: 16 Aug, 2026 10:20 AM

स्वतंत्रता दिवस के मौके पर शहर में निकली तिरंगा यात्रा तो आपने देखी ही होगी, लेकिन इसके खत्म होते ही गोविंद नगर की सड़क पर जो हुआ, उसने हर किसी का ध्यान खींच लिया। प्रदेश के डिप्टी सीएम बृजेश पाठक भाजपा दक्षिण जिलाध्यक्ष शिवराम सिंह के साथ लौट....
Kanpur News: स्वतंत्रता दिवस के मौके पर शहर में निकली तिरंगा यात्रा तो आपने देखी ही होगी, लेकिन इसके खत्म होते ही गोविंद नगर की सड़क पर जो हुआ, उसने हर किसी का ध्यान खींच लिया। प्रदेश के डिप्टी सीएम बृजेश पाठक भाजपा दक्षिण जिलाध्यक्ष शिवराम सिंह के साथ लौट रहे थे। तभी अचानक गोविंद नगर की सड़क किनारे उनकी नजर नारियल पानी के एक छोटे से ठेले पर पड़ी। डिप्टी सीएम ने वहीं अपनी गाड़ियों का काफिला रुकवा दिया। वो सीधे ठेले पर पहुंचे, वहीं रखी एक साधारण सी प्लास्टिक की कुर्सी पर बैठ गए और ठेलेवाले भरत तिवारी से एक नारियल पानी मांगा।
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सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, नारियल पानी की चुस्कियां लेते हुए बृजेश पाठक ने बेहद सहज अंदाज में भरत से उसके धंधे-पानी और घर-परिवार का हालचाल पूछना शुरू किया। बातचीत के दौरान ही उनकी नजर भरत के हाथ की एक कटी हुई उंगली पर गई। डिप्टी सीएम ने तुरंत चिंता जताते हुए पूछा कि अरे भाई! ये हाथ में चोट कैसे लग गई? तभी भरत ने संकोच के साथ बताया कि नारियल छीलते वक्त गलती से चापड़ लग गया था। इस पर बृजेश पाठक ने एक जिम्मेदार अभिभावक की तरह पूछा कि टिटनेस का टीका लगवाए हो कि नहीं? भरत के हां कहने के बाद ही उन्होंने राहत की सांस ली और हिदायत दी कि लापरवाही मत बरतना, जरूरत पड़े तो डॉक्टर को फिर दिखा लेना।
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बताया जा रहा है कि बातचीत खत्म होने के बाद डिप्टी सीएम ने न सिर्फ नारियल पानी के 200 रुपए दिए, बल्कि भरत तिवारी को अपने हाथों से गमछा ओढ़ाकर सम्मानित भी किया। वहीं जब इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया, तो लोग बृजेश पाठक के इस सादगी भरे अंदाज की काफी तारीफ कर रहे हैं। आम तौर पर वीआईपी मूवमेंट के दौरान नेताओं को गाड़ियों के शीशे चढ़ाकर निकलते देखा जाता है, लेकिन सड़क किनारे बैठकर एक आम दुकानदार का हाल पूछना सच में कुछ अलग था। दुकानदार से मिलने और उसका हाल जानने के बाद डिप्टी सीएम लखनऊ के लिए रवाना हो गए।