Edited By Anil Kapoor,Updated: 16 Jul, 2026 08:02 AM

पीलीभीत में एक सरकारी मेडिकल कॉलेज के अंदर पैरामेडिकल छात्रा की हत्या के आरोपी 24 वर्षीय युवक ने शादी का प्रस्ताव बार-बार ठुकराए जाने के बाद 4 दिन तक अपराध की योजना बनाई थी। पुलिस को दिए गए बयान में उसने यह बात कुबूल की है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक...
Pilibhit News: पीलीभीत में एक सरकारी मेडिकल कॉलेज के अंदर पैरामेडिकल छात्रा की हत्या के आरोपी 24 वर्षीय युवक ने शादी का प्रस्ताव बार-बार ठुकराए जाने के बाद 4 दिन तक अपराध की योजना बनाई थी। पुलिस को दिए गए बयान में उसने यह बात कुबूल की है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपी की पहचान सागर सिंह के तौर पर हुई है और उसे मंगलवार को सरकारी मेडिकल कॉलेज के सीटी स्कैन रूम में बरेली की रहने वाली 22 वर्षीय पैरामेडिकल छात्रा कशिश की चाकू से प्रहार करके हत्या करने के तुरंत बाद गिरफ्तार कर लिया गया।
कशिश के इनकार से आहत सागर ने रची हत्या की खौफनाक साजिश
सूत्रों के अनुसार सागर ने पुलिस को बताया है कि वह कशिश से प्रेम करता था लेकिन कशिश ने उसकी भावनाओं को नहीं समझा और वह उससे कतराती रही। सूत्रों के मुताबिक कानपुर के मेडू अराउल गांव के रहने वाले आरोपी सागर ने पुलिस को बताया कि वह कशिश को मनाने की कोशिश कर रहा था और करीब एक हफ़्ते से उससे मिलने का प्रयास कर रहा था। सागर ने पुलिस को बताया कि कशिश अपने दोस्तों के साथ बाहर जाती थी, लेकिन उसे देखते ही नज़रअंदाज कर देती थी, जो बर्दाश्त नहीं कर पाने पर उसने उसकी हत्या करने का फैसला किया।
'मान जाती तो छोड़ देता...' एक्स-रे रूम में घेरकर उतारा मौत के घाट
सूत्रों के मुताबिक सागर ने पुलिस को बताया कि उसकी हत्या करने का इरादा करने के बावजूद मैं कभी-कभी सोचता था कि अगर वह मान गई, तो मैं कुछ नहीं करूंगा। अगर नहीं मानी, तो मैं उसे जाने नहीं दूंगा। मंगलवार को मैंने कशिश को एक्स-रे रूम में अकेले देखा। मैं उसके पास गया और जब मैंने बातचीत शुरू की, तो उसने मेरी तरफ देखने से इनकार कर दिया। गुस्से में आकर मैंने चाकू निकाला और उसे मारने के लिए दौड़ा। जब वह भागने की कोशिश करने लगी तो मैंने उसे पकड़ लिया और छाती तथा पेट पर चाकू से प्रहार करके उसे मार डाला।
12 इंच का चाकू बरामद और बचाव में कर्मचारी जख्मी
कोतवाली के निरीक्षक प्रमेंद्र कुमार ने बताया कि पीड़िता के पिता की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि वारदात में इस्तेमाल किया गया 12 इंच का चाकू भी बरामद कर लिया गया है। विस्तृत कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि वारदात के दौरान कशिश को बचाने की कोशिश में निधि नामक कर्मचारी भी जख्मी हो गयी थी जिसे बरेली के एक अस्पताल भेजा गया है।
'15 दिन पहले की थी शिकायत, कॉलेज प्रशासन की लापरवाही से गई जान'
बरेली में अंतिम संस्कार के बाद कशिश के पिता रोहतास और परिवार के अन्य सदस्यों ने बुधवार को जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह और पुलिस अधीक्षक सुकीर्ति माधव मिश्रा से मुलाकात की और आरोपी के लिए कड़ी से कड़ी सजा की मांग की। पीड़िता के चाचा विकास पटेल ने आरोप लगाया कि सागर एकतरफा प्यार के कारण लंबे समय से कशिश को परेशान कर रहा था। उन्होंने दावा किया कि घटना से करीब 15 दिन पहले मेडिकल कॉलेज प्रशासन से शिकायत की गई थी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
आरोपी के लिए मांगी फांसी की सजा, मां बोली- 'भनक होती तो रोक लेती'
उन्होंने मांग की कि मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक अदालत में हो और आरोपी को मौत की सजा दी जाए। वहीं, आरोपी की मां माया देवी ने संवाददाताओं से कहा कि अगर उन्हें अपने बेटे की इन हरकतों के बारे में पता होता तो वह उसे समझाकर वारदात को अंजाम देने से रोकने की कोशिश करती। सागर के परिवार ने बताया कि 12वीं की पढ़ाई पूरी करने के बाद वह करीब एक साल से पीलीभीत में एक्स-रे टेक्नीशियन का कोर्स कर रहा था। सूत्रों के अनुसार बरेली की रहने वाली कशिश सीटी-स्कैन में डिप्लोमा कर रही थी, जबकि कानपुर का रहने वाला सागर उसका साथी पैरामेडिकल छात्र था।