Edited By Mamta Yadav,Updated: 14 Nov, 2025 12:06 AM

वाराणसी में नशीली औषधियों की अवैध बिक्री के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। मुख्यालय के आयुक्त के निर्देश पर 10 औषधि निरीक्षकों की विशेष टीम ने शहरभर में औचक छापेमारी करते हुए 51 थोक विक्रेताओं की बिक्री तत्काल...
Varanasi News: वाराणसी में नशीली औषधियों की अवैध बिक्री के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। मुख्यालय के आयुक्त के निर्देश पर 10 औषधि निरीक्षकों की विशेष टीम ने शहरभर में औचक छापेमारी करते हुए 51 थोक विक्रेताओं की बिक्री तत्काल प्रभाव से रोक दी है।

मुख्यालय और स्थानीय टीम की संयुक्त छापेमारी
सूत्रों के अनुसार, औषधि नियंत्रण मुख्यालय लखनऊ और जनपद वाराणसी की टीम ने संयुक्त रूप से यह अभियान चलाया। जांच के दौरान कई प्रमुख थोक विक्रेताओं, PCO Medicare India Pvt. Ltd., Mahakal Medical Store, D.S.A. Pharma, Nishant Pharma, Hari Om Pharma, G.D. Enterprises, New P.L. Pharma, Asha Distributors, New Vriddhi Pharma, P.D. Pharma, Purna Pharma और Khushi Medical पर औचक निरीक्षण किया गया।
लाइसेंस निलंबित, 12 फर्मों पर FIR के आदेश
निरीक्षण में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर सभी 51 फर्मों की बिक्री तत्काल प्रभाव से “स्टॉप सेल” आदेश के तहत बंद कर दी गई। अधिकारियों ने बताया कि अनियमित पाए गए प्रतिष्ठानों के ड्रग लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं और 12 फर्मों के खिलाफ प्राथमिक सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज करने का आदेश दिया गया है।
रिकॉर्ड और स्टॉक की विस्तृत जांच जारी
औषधि विभाग की टीम प्रत्येक फर्म के भंडारण, वितरण, क्रय-विक्रय और रिकॉर्ड की विस्तृत जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जिन प्रतिष्ठानों पर अनियमितताएं पाई जाएंगी, उनके खिलाफ लाइसेंस निरस्तीकरण और दंडात्मक कार्रवाई भी की जाएगी।
“नशीली औषधियों की अवैध बिक्री पर जीरो टॉलरेंस”
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के आयुक्त ने कहा कि नशीली दवाओं की अवैध बिक्री को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी ताकि वाराणसी सहित पूरे प्रदेश में गैरकानूनी ड्रग नेटवर्क पर पूर्ण विराम लगाया जा सके।