Edited By Tamanna Bhardwaj,Updated: 30 Dec, 2019 01:48 PM

राजनीति में शब्दों का बड़ा महत्व है, लिहाजा शब्दों के इस्तेमाल में अक्सर नेता सीमाएं लांघ जाते हैं। उनकी जुबान से मिठास की जगह विरोधियों के लिए विष टपकने लगता है। ऐसी बयानबजी में कोई भी पार्टी पीछे नहीं रही है। तो आइए एक नजर साल 2019 के उन...
यूपी डेस्कः राजनीति में शब्दों का बड़ा महत्व है, लिहाजा शब्दों के इस्तेमाल में अक्सर नेता सीमाएं लांघ जाते हैं। उनकी जुबान से मिठास की जगह विरोधियों के लिए विष टपकने लगता है। ऐसी बयानबजी में कोई भी पार्टी पीछे नहीं रही है। तो आइए एक नजर साल 2019 के उन विवादित बयानों पर डालते हैं जिसमें राजनेताओं ने भाषा की सारी मर्यादाएं लांग दी।
आजम खां-(सपा सांसद):विवादिन बयानों की बात हो तो सपा सांसद आजम खां का नाम ना आए ऐसा तो हो ही नहीं सकता है। आजम खां ने एक दो नहीं बल्कि बेशुमार विवादित बयान दिए हैं। आजम खान ने रामपुर में जनसभा के दौरान कहा था कि जिसको हम ऊंगली पकड़कर रामपुर लाए, आपने 10 साल जिससे अपना प्रतिनिधित्व कराया। उनकी असलियत समझने में आपको 17 बरस लगे, मैं 17 दिन में पहचान गया कि इनके नीचे का अंडरवियर खाकी रंग का है। हालांकि, उन्होंने इस बयान में जयाप्रदा का नाम नहीं लिया था, लेकिन उनका यह इशारा जयाप्रदा की ओर था। वहीं सदन में तीन तलाक बिल पर चर्चा के दौरान आजम खां ने सदन की अध्यक्षता कर रहीं रमा देवी पर ऐसी टिप्पणी की कि हंगामा मच गया। उन्होंने रमादेवी के लिए कहा कि उनका मन करता है कि वे उनकी आंखों में आंखें डालकर देखते रहें।

योगी आदित्यनाथ-(यूपी के मुख्यमंत्री): योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को मेरठ में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि अगर कांग्रेस-बीएसपी-एसपी को 'अली' पर विश्वास है तो हमें भी बजरंगबली पर विश्वास है।

जयंत चौधरी-(रालोद के उपाध्यक्ष): लोकसभा चुनाव के समय बयानबाजी का दौर भी चर्म पर था। इस दौरान राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के उपाध्यक्ष जयंत चौधरी अपने एक बयान को लेकर चर्चा में रहे। जयंत ने कहा है कि शादी करनी है तो बीजेपी को वोट न दें अगर दिया तो फिर न तो नौकरी मिलेगी और न ही छोकरी।

सुरेंद्र सिंह-(बीजेपी विधायक): विवादित बयानों से बीजेपी विधायक सुरेंद्र सिंह का गहरा नाता है। वह आए दिन अपने विवादित बयानों के चलते सुर्खियों में रहते हैं। उन्होंने बसपा सुप्रीमो मायावती की तुलना भैंस से की। सुरेंद्र सिंह ने कहा कि हमने मायावती को बहुत समझाया, लेकिन वह नहीं मानी, फिर भैंस को जहां जाना था वहां चली गई।

साधना सिंह-(बीजेपी विधायिका): नेताओं के साथ-साथ नेत्रियां भी विवादित बयानबाजी देने से पीछे नहीं है। साल के शुरुआत में दिया हुआ साधना सिंह का ये बयान खासा चर्चा में रहा। साधना सिंह ने बसपा प्रमुख मायावती पर बेहद निंदलीय टिप्पणी की। गेस्ट हाउस कांड की बात करते हुए साधना सिंह ने कहा, ''हमको पूर्व मुख्यमंत्री न तो महिला लगती हैं और न ही पुरुष। इनको अपना सम्मान ही समझ में नहीं आता। एक चीरहरण हुआ था द्रौपदी का, तो उन्होंने दुशासन से बदला लेने की प्रतिज्ञा ली। वो एक स्वाभिमानी महिला थी। और एक आज की महिला है, सबकुछ लुट गया और फिर भी कुर्सी पाने के लिए अपने सारे सम्मान को बेच दिया। साधना यहीं पर नहीं रूकी उन्होंने कहा कि मायावती को महिला कहने में भी संकोच लगता है। वो किन्नर से भी ज़्यादा बदतर है क्योंकि वो तो न नर है, न महिला है।

उपेंद्र तिवारी-(यूपी के मंत्री): क्राइम को लेकर यूपी पहले से ही नंबर वन पर है। ऐसे में अपराधों पर नेताओं की बयानबाजी आग में घी डालने का काम करती है। इसी कड़ी में राज्य के जल संसाधन, वन एवं पर्यावरण मंत्री उपेंद्र तिवारी ने बलात्कार की नई परिभाषा गढ़ दी। गोंडा में बलात्कार की घटनाओं पर टिप्पणी करते हुए मंत्री ने कहा कि उनके अनुसार वैसे तो बलात्कार जघन्य अपराध है, लेकिन अगर बलात्कार विवाहित महिला से किया जाता है तो वह अलग बात है।

नीलम सर्राफ-(बीजेपी की महिला जिला मंत्री): मऊ जिले में बीजेपी की महिला जिला मंत्री नीलम सर्राफ ने पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर विवादित टिप्पणी की। बीजेपी जिला महिला ने कहा कि अखिलेश यादव ने अपने पिता मुलायम सिंह यादव को गधा बना दिया है। अखिलेश डर गए है कि कहीं मुलायम सिंह यादव मोदी के खेमे में न चले जाएं। मुलायम सिंह यादव की उम्र नहीं है चुनाव लड़ने की, अखिलेश उन्हें जबरदस्ती नामांकन कराने ले जा रहे हैं। समाज को संदेश जा रहा है कि एक बेटे ने अपने बाप को लाचार कर दिया है। अखिलेश राजनीतिक फायदे के लिए कुछ भी कर सकते हैं।

डॉ. महेश शर्मा-(बीजेपी सांसद): नोएडा से बीजेपी सांसद ने प्रियंका गांधी को लेकर बेहद अमर्यादित बयान दिया। महेश शर्मा ने प्रियंका गांधी को ‘पप्पू की पप्पी’ बताया है। भाषण की गरिमा भूले बीजेपी सांसद का ये बयान इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। महेश शर्मा का ये बयान सिकंदराबाद में आयोजित एक जनसभा के दौरान दिया।

जयकरण गुप्ता-(बीजेपी नेता): कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के सक्रिय राजनीति में आने के बाद से उनपर जमकर बयानबाजी हुई। इसी कड़ी में बीजेपी नेता जयकरण गुप्ता ने प्रियंका गांधी को लेकर अमर्यादित बयान दिया। उन्होंने कहा कि स्कर्ट वाली बाई साड़ी पहनकर मंदिर जाने लगी है।
