Edited By Anil Kapoor,Updated: 26 Aug, 2026 09:41 AM

बाजार में चीनी के लगातार बढ़ते दामों पर नकेल कसने के लिए शासन के निर्देश पर अमेठी प्रशासन सख्त मोड में आ गया है। जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के उद्देश्य से संयुक्त प्रशासनिक टीम ने जिले के बड़े चीनी व्यापारियों के गोदामों और थोक दुकानों पर ताबड़तोड़...
Amethi News: बाजार में चीनी के लगातार बढ़ते दामों पर नकेल कसने के लिए शासन के निर्देश पर अमेठी प्रशासन सख्त मोड में आ गया है। जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के उद्देश्य से संयुक्त प्रशासनिक टीम ने जिले के बड़े चीनी व्यापारियों के गोदामों और थोक दुकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की। तहसील अमेठी के तहत राजस्व, विपणन (मार्केटिंग) और खाद्य विभाग की इस साझा कार्रवाई से अचानक थोक बाजारों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने गोदामों में मौजूद चीनी की बोरियों की गिनती की और उससे संबंधित खरीद-बिक्री के दस्तावेजों को बारीकी से खंगाला।
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने सभी बड़े व्यापारियों और स्टॉकिस्टों को कड़ा अल्टीमेटम दिया। प्रशासन ने साफ कर दिया कि गोदामों में निर्धारित सीमा से अधिक, विशेषकर 4 हजार क्विंटल से ज्यादा चीनी का स्टॉक पाए जाने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी और गोदामों को सील भी किया जा सकता है।
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मामले की जानकारी देते हुए क्षेत्रीय विपणन अधिकारी (RMO) हरिश्चंद्र प्रजापति ने बताया कि चीनी की कीमतों में बढ़ोतरी की शिकायतों को ध्यान में रखते हुए दो बड़े मुख्य गोदामों पर छापेमारी की गई थी। जांच के दौरान फिलहाल दोनों ही जगह तय मानक के अनुरूप ही स्टॉक पाया गया है।
हालांकि, अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यह जांच अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और यदि कोई भी व्यापारी चीनी की कृत्रिम किल्लत पैदा करने या कालाबाजारी करने की कोशिश करेगा, तो उसके खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।