Edited By Anil Kapoor,Updated: 12 May, 2026 02:44 PM

उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने से पश्चिमी इलाकों में गर्मी से फौरी राहत मिली है जबकि पूर्वी क्षेत्र में अगले 24 घंटों के दौरान कई जिलों में गरज-चमक, तेज आंधी, वज्रपात और ओलावृष्टि के आसार हैं। अमरोहा, मुरादाबाद, संभल और अलीगढ़...
Lucknow News: उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने से पश्चिमी इलाकों में गर्मी से फौरी राहत मिली है जबकि पूर्वी क्षेत्र में अगले 24 घंटों के दौरान कई जिलों में गरज-चमक, तेज आंधी, वज्रपात और ओलावृष्टि के आसार हैं। अमरोहा, मुरादाबाद, संभल और अलीगढ़ समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश विशेष रूप से तराई और पश्चिमी जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश हुयी जिससे लोगों को गर्मी से फौरी राहत मिली। मौसम विज्ञान विभाग के लखनऊ केंद्र द्वारा जारी प्रभाव आधारित पूर्वानुमान एवं चेतावनी के अनुसार 12 मई को पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाएं झोंकों में 70 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती हैं। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है।
जिलों के लिए चेतावनी और ओलावृष्टि का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल और बदायूं जिलों में ओलावृष्टि की आशंका अधिक है। वहीं सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, मेरठ, गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, आगरा, फिरोजाबाद, इटावा और औरैया समेत कई जिलों में तेज आंधी और वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है। 13 मई को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मौसम शुष्क रहने की संभावना है, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश के देवरिया, गोरखपुर, संतकबीरनगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती और बहराइच में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। 14 से 16 मई के बीच प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है।
मुरादाबाद में दिन में अंधेरा और थमी सड़कों की रफ्तार
मुरादाबाद से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार मुरादाबाद, बिजनौर, रामपुर, अमरोहा तथा संभल के अधिकांश हिस्सों में मंगलवार सुबह आसमान में घने काले बादल छा जाने से दिन में ही अंधेरा पसर गया। तेज़ रफ़्तार हवाओं तथा गरज-चमक के साथ बारिश के दौरान थोड़ी देर के लिए आवागमन थम गया। पछुआ हवाओं के ट्रफ के रूप में सक्रिय होने और ऊपरी हवाओं के चक्रवाती प्रसार के कारण गरज-चमक के साथ 15 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चली जिससे लोग घरों में कैद हो कर रह गए। मुरादाबाद में दिन निकलते ही शुरू हुई बारिश ने थमने का नाम नहीं लिया। तेज अंधड़ और बारिश के कारण सड़क यातायात पर भी व्यापक असर पड़ा और द्दश्यता कम होने के कारण वाहन चालकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा, बारिश बंद होने तक जो जहां था वहीं रुक गया। हालांकि इस बदलाव से भीषण गर्मी से जूझ रहे लोगों को आंशिक राहत जरूर मिली है, लेकिन तेज़ अंधड़ ने आम बागानों और किसानों की चिंता बढ़ा दी।
सुरक्षा के निर्देश और फसलों पर संकट की आशंका
मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान घरों में रहने, पेड़ों के नीचे शरण न लेने और बिजली उपकरणों को अनप्लग रखने की सलाह दी है। विभाग ने कहा है कि तेज हवाओं और वज्रपात से यातायात, बिजली व्यवस्था और कच्चे मकानों को नुकसान पहुंच सकता है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को भी सतकर् रहने की सलाह दी है। गन्ना, मक्का, उड़द, मूंग, मूंगफली और सब्जियों की फसलों को तेज हवाओं और ओलावृष्टि से नुकसान पहुंचने की आशंका जताई गई है। किसानों को खेतों में जल निकासी की समुचित व्यवस्था करने और फसलों को सहारा देने की सलाह दी गई है।