Edited By Anil Kapoor,Updated: 19 May, 2026 07:11 AM

उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच आग लगने की घटना लगातार देखने को मिल रही है, ऐसे में संगम नगरी में आग लगने की एक ऐसी घटना घटी जिसमें मां ने अपने 3 बच्चों को तो किसी तरह से बचा लिया, लेकिन वह खुद को नहीं बचा सकी। सोशल मीडिया में प्रसारित वीडियो में...
Prayagraj News: उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच आग लगने की घटना लगातार देखने को मिल रही है, ऐसे में संगम नगरी में आग लगने की एक ऐसी घटना घटी जिसमें मां ने अपने 3 बच्चों को तो किसी तरह से बचा लिया, लेकिन वह खुद को नहीं बचा सकी। सोशल मीडिया में प्रसारित वीडियो में एक बहुमंजिला इमारत की छत पर फंसी महिला करीब आधे घंटे तक आग के धुंए से अपने 3 बच्चों को निकालने के लिए संघर्ष करती रही।
मासूम को चादर में लपेटा, बेटियों को सीढ़ी से निकाला सुरक्षित
मिली जानकारी के मुताबिक, सबसे पहले उसने अपने 1 साल के बच्चे को एक चादर में लपेटा और पड़ोसियों को सौंपा। वीडियो में देखा जा सकता है कि दो भवनों के बीच एक सीढ़ी लगाई गई जिसके सहारे महिला किसी तरह अपनी 2 बेटियों को सुरक्षित जगह भेजने में कामयाब रही। लेकिन आग और धुंए के बीच फंसकर वह झुलस गई और उपचार के दौरान अस्पताल में उसकी मौत हो गई।
अर्चना केसरवानी ने बच्चों को बचाने के लिए दे दी अपनी जान'
नैनी फायर स्टेशन के अग्निशमन अधिकारी महंतू चौधरी ने बताया कि यह घटना नैनी के पुराने बाजार की चैंपियन गली में 12 मई को घटी थी जहां नीचे क्रॉकरी की दुकान थी और ऊपर मकान था। आग सबसे पहले क्रॉकरी की दुकान में लगी थी जो फैलकर ऊपर मकान तक जा पहुंची। उन्होंने बताया कि उस मकान में ऊपर जाने के लिए केवल एक ही सीढ़ी थी। दमकल विभाग के कर्मचारी जब मौके पर पहुंचे और आग बुझाया तो एक महिला- अर्चना केसरवानी (38) अचेत अवस्था में मिली, जिसे अस्पताल ले जाया गया और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी। चौधरी ने बताया कि महिला ने अपने बच्चों को आग में जलने से बचाने के लिए अपनी जान की परवाह नहीं की।