Edited By Purnima Singh,Updated: 17 May, 2026 02:16 PM

उत्तर प्रदेश पुलिस ने सभी विभागों और कार्यालय प्रमुखों को राज्य पुलिस की सोशल मीडिया नीति का उल्लंघन करने वाले पुलिसकर्मियों की पहचान कर उनके खिलाफ तत्काल विभागीय कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया है ....
लखनऊ : उत्तर प्रदेश पुलिस ने सभी विभागों और कार्यालय प्रमुखों को राज्य पुलिस की सोशल मीडिया नीति का उल्लंघन करने वाले पुलिसकर्मियों की पहचान कर उनके खिलाफ तत्काल विभागीय कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया है। पंद्रह मई को जारी एक परिपत्र में अपर पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) अभिताभ यश ने कहा कि आठ फरवरी, 2023 को पुलिस महानिदेशक द्वारा जारी परिपत्र के माध्यम से उत्तर प्रदेश पुलिस के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए "सोशल मीडिया नीति-2023" लागू की जा चुकी है।
परिपत्र में कहा गया है कि यह देखा गया है कि कई सेवारत और प्रशिक्षु पुलिसकर्मी सोशल मीडिया मंचों पर आपत्तिजनक सामग्री और रील पोस्ट कर नीति का उल्लंघन कर रहे हैं। इसमें कहा गया है कि ऐसी गतिविधियां न केवल सरकारी कार्यों को प्रभावित कर रही हैं, बल्कि उत्तर प्रदेश पुलिस की गरिमा और छवि पर भी प्रतिकूल असर डाल रही हैं। परिपत्र के अनुसार, सभी विभाग एवं कार्यालय प्रमुखों को अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में ऐसे कर्मियों की पहचान कर उनके खिलाफ तत्काल विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
आदेश में अधिकारियों से यह भी कहा गया है कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ की गई कार्रवाई की मासिक रिपोर्ट निर्धारित प्रारूप में प्रस्तुत की जाए। साथ ही, आपत्तिजनक पोस्ट की प्रतियां उनके यूआरएल सहित आधिकारिक अभिलेख के रूप में सुरक्षित रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।