अल्मोड़ा सहकारी बैंक के बर्खास्त चतुर्थ श्रेणी कर्मियों को हाईकोर्ट से मिली राहत

Edited By Diksha kanojia,Updated: 02 Aug, 2022 01:51 PM

sacked class 4 employees of almora cooperative bank got relief from hc

इस मामले को कुछ लोगों की ओर से उच्च न्यायालय में चुनौती दी गयी। उच्च न्यायालय की एकलपीठ ने इस कदम को गलत बताते हुए याचिका को स्वीकार कर लिया। एकलपीठ के आदेश को अल्मोड़ा सहकारी बैंक ने चुनौती दी और उच्च न्यायालय की दो सदस्यीय खंडपीठ ने बैंक को अंतरिम...

 

नैनीतालः उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने अल्मोड़ा जिला सहकारी बैंक से निकाले गये लगभग डेढ़ दर्जन से अधिक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को राहत देते हुए उन्हें सेवा में बहाल करने और उन्हें अभी तक के समस्त देयकों का लाभ देने के निर्देश दिये हैं। मामले के अनुसार अल्मोड़ा जिला सहकारी बैंक की ओर से वर्ष 2014 में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के पदों को साक्षात्कार के आधार पर भरने के लिये विज्ञप्ति जारी की गयी।

इस मामले को कुछ लोगों की ओर से उच्च न्यायालय में चुनौती दी गयी। उच्च न्यायालय की एकलपीठ ने इस कदम को गलत बताते हुए याचिका को स्वीकार कर लिया। एकलपीठ के आदेश को अल्मोड़ा सहकारी बैंक ने चुनौती दी और उच्च न्यायालय की दो सदस्यीय खंडपीठ ने बैंक को अंतरिम राहत देते हुए साक्षात्कार के आधार पर पदों को भरने के आदेश पारित कर दिये। इस दौरान बैंक ने साक्षात्कार के आधार पर चतुर्थ श्रेणी के सभी पदों पर नियुक्ति कर दी लेकिन बाद में बैंक की अपील खारिज हो गयी। हाईकोर्ट के आदेश के बाद बैंक ने सभी चतुर्थ श्रेणी कर्मियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया।

उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी उच्चतम न्यायालय पहंुच गये और उच्चतम न्यायालय ने उच्च न्यायालय के दोनों फैसले पर सवाल उठाते हुए मामले की वास्तविक वस्तुस्थिति पर विचार करने को कहा। उच्चतम न्यायालय के निर्देश पर विगत 18 जुलाई, 2022 को इस मामले में पर सुनवाई हुई और न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी व न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की बर्खास्त चतुर्थ कर्मचारियों को राहत देते हुए उन्हें दो सप्ताह के अदंर सेवा में बनाये रखने तथा अभी तक के समस्त देयकों का लाभ देने के निर्देश दिये हैं।

Related Story

    Trending Topics

    img title
    img title

    Be on the top of everything happening around the world.

    Try Premium Service.

    Subscribe Now!