Edited By Anil Kapoor,Updated: 01 Jul, 2026 01:24 PM

उन्नाव जिले की पुरवा विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक अनिल सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है जिसमें उन्हें यह कहते हुए सुना जा सकता है कि अयोध्या के राम मंदिर के चढ़ावे के कथित गबन में शामिल...
Unnao News: उन्नाव जिले की पुरवा विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक अनिल सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है जिसमें उन्हें यह कहते हुए सुना जा सकता है कि अयोध्या के राम मंदिर के चढ़ावे के कथित गबन में शामिल लोगों को कैंसर होगा और वे दर्दनाक मौत मरेंगे। भाजपा विधायक ने यह कथित टिप्पणी रविवार को मौरावां में आयोजित पार्टी के एक कार्यक्रम के दौरान की।
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वीडियो में सिंह कहते सुनाई दे रहे हैं कि जिन लोगों ने भगवान राम के मंदिर से चोरी की है, उन्हें सीधे कैंसर हो जाएगा। यह भगवान की ओर से मौत की सजा होगी। एक साल तक इंतजार करें, उन्हें कैंसर हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगी और भगवान राम उन्हें ऐसी सजा देंगे कि वे दर्दनाक मौत मरेंगे और उनकी अगली 7 पीढ़ियां भी मंदिर से चोरी के परिणाम को याद रखेंगी। अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे के कथित गबन और वित्तीय अनियमितताओं का मामला पहले से ही उत्तर प्रदेश की राजनीति में चर्चा का विषय बना हुआ है। हेराफेरी के आरोपों के बाद मंदिर ट्रस्ट के अनुरोध पर उत्तर प्रदेश सरकार ने 13 जून को मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया था।
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एसआईटी की रिपोर्ट के आधार पर अब तक अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, लव कुश मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पांडे, राम शंकर मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव और रामाशंकर उर्फ तिन्नू यादव को गिरफ्तार किया जा चुका है। हालांकि, विपक्षी दलों का आरोप है कि इस मामले में केवल निचले स्तर के लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है, जबकि मुख्य आरोपी अब भी कानून की गिरफ्त से बाहर हैं। कार्यक्रम के दौरान सिंह ने समाजवादी पार्टी पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी के नेता जमीन पर कब्जा करने, गरीबों के लिए मिलने वाला राशन बेचने और जरूरतमंदों को उनके अधिकारों से वंचित करने में शामिल रहे हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) की जांच का सामना कर रहे हैं और अब भगवान राम का नाम लेने के लिए मजबूर हैं।