Edited By Anil Kapoor,Updated: 17 Mar, 2026 07:42 AM

Lucknow News: उत्तर प्रदेश में रसोई गैस (LPG) की किल्लत और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मोर्चा खोल दिया है। सीएम के सख्त आदेश के बाद पूरे प्रदेश में हड़कंप मचा हुआ है। 12 मार्च से शुरू हुए इस महा-अभियान के तहत अब तक...
Lucknow News: उत्तर प्रदेश में रसोई गैस (LPG) की किल्लत और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मोर्चा खोल दिया है। सीएम के सख्त आदेश के बाद पूरे प्रदेश में हड़कंप मचा हुआ है। 12 मार्च से शुरू हुए इस महा-अभियान के तहत अब तक हजारों ठिकानों पर छापेमारी कर अवैध धंधे का पर्दाफाश किया गया है।
छापेमारी के बड़े आंकड़े
खाद्य एवं रसद विभाग की टीमों ने जिला प्रशासन के साथ मिलकर अब तक 4,816 ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की है। इस कार्रवाई में 70 एफआईआर (FIR) दर्ज की गई हैं। 10 लोग सलाखों के पीछे भेजे जा चुके हैं। 67 लोगों पर कानूनी अभियोजन की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
24x7 कंट्रोल रूम से रखी जा रही नजर
जनता को गैस के लिए भटकना न पड़े, इसके लिए सरकार ने तकनीक और निगरानी का सहारा लिया है। लखनऊ स्थित खाद्य आयुक्त कार्यालय में 24 घंटे चलने वाला कंट्रोल रूम एक्टिव है। हर जिले में भी शिकायत केंद्र बनाए गए हैं। प्रदेश के 4,108 गैस वितरकों की हर डिलीवरी पर पैनी नजर रखी जा रही है ताकि बुकिंग के बाद सिलेंडर सही हाथ में पहुंचे।
व्यावसायिक सिलेंडरों पर भी नजर
सिर्फ घरेलू ही नहीं, बल्कि होटल और रेस्टोरेंट में इस्तेमाल होने वाले कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई पर भी 20% विशेष निगरानी बढ़ाई गई है। मकसद साफ है कि कहीं भी अवैध भंडारण या जमाखोरी ना हो सके।
सरकार की अपील- घबराएं नहीं
योगी सरकार ने आम नागरिकों को भरोसा दिलाया है कि प्रदेश में गैस की कोई कमी नहीं है। अधिकारियों ने अपील की है कि पैनिक बुकिंग (डर के मारे पहले से बुकिंग) न करें। अगर कोई वितरक ज्यादा पैसे मांगे या सिलेंडर न दे, तो तुरंत कंट्रोल रूम में शिकायत करें। कालाबाजारी की सूचना देने वालों की पहचान गुप्त रखी जाएगी। सरकार का यह अभियान आने वाले दिनों में और तेज होगा, ताकि आम आदमी की रसोई का बजट और सुकून दोनों बना रहे।