जेलर की दबंगईः शिकायत करने पर कर डाली कैदी की बेरहमी से पिटाई, मामला दर्ज

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जेलर की दबंगईः शिकायत करने पर कर डाली कैदी की बेरहमी से पिटाई, मामला दर्जजेलर की दबंगईः शिकायत करने पर कर डाली कैदी की बेरहमी से पिटाई, मामला दर्जजेलर की दबंगईः शिकायत करने पर कर डाली कैदी की बेरहमी से पिटाई, मामला दर्ज

कन्नौजः यूपी की जेलों में बंद कैदियों के साथ जेल प्रशासन कैसा जानवरों जैसा सलूक करता है इसकी एक बानगी कन्नौज जिला कारागार में देखने को मिली। यहां कोर्ट में तारीख पर आए एक कैदी ने जेल अधीक्षक के जुल्मों की ऐसी तस्वीर दिखाई जिसको देखकर हर कोई हैरान रह गया। कैदी ने कोर्ट परिसर में जब अपने बदन से कपडे उतारे तो उसकी पीठ पिटाई से पूरी काली पड़ी हुई थी। उसको ये सजा सिर्फ जेल में हो रहे अत्याचार की शिकायत करने पर मिली।

जानिए पूरा मामला
दरअसल मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट छिबरामऊ कोर्ट में पेशी पर आया कैदी विनोद 6 अक्टूबर 2016 को ट्रैक्टर चोरी के इल्जाम में बंद था। कैदी मेडिकल का काम जनता था, इस कारण उसको जेल में बने हॉस्पिटल में कम्पाउंडर के काम में लगा दिया गया। कैदी विनोद जेल में कैदियों पर होने वाले अत्याचारों को देखता था तो वह अक्सर जज से शिकायत कहने की बात कहता रहता था।

शिकायत करने पर जेल अधीक्षक ने जमकर पीटा
इसी बात से नाराज होकर जेल अधीक्षक उदय प्रकाश मिश्रा ने उसपर झूठा आरोप लगाकर उसको अपने कक्ष में बुलाकर कुछ पुलिस कर्मियों की मदद से जानवरों की तरह से पीटा। जेल अधीक्षक ने विनोद को इतना पीटा की उसके पीठ में काली पट्टियां पड़ गई। कैदी विनोद जेल अधीक्षक से काफी डरा हुआ है उसने अधिकारियों से फ़रियाद लगाई है कि उसको किसी दूसरी जेल में शिफ्ट किया जाए। जेल अधीक्षक उसकी हत्या करवा सकता है।

इनकाउंटर की दी धमकी
वहीं कैदी विनोद के वकील की मानें तो जेल में अधिकारी कैदियों के साथ अमानवीय ब्यवहार करते है। यदि कोई विरोध करता है तो उसकी जमकर पिटाई करते है। इसकी उन्होंने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट से शिकायत की है। कैदी विनोद और कन्नौज कारागार में रहना नहीं चाहता है उसको खतरा है कि उसकी हत्या हो सकती है जेल अधीक्षक ने उसको धमकी दी है अगर शिकायत कि तो उसको उल्टा लटकाकर इनकाउंटर कर देंगे। 

इस सब के बीच जब जेल अधीक्षक से कैदी द्वारा आरोप लगाए जाने पर पूछा गया तो उन्होने बोलने से इंकार कर दिया। जेल अधीक्षक की चुप्पी से एक बात तो स्पष्ट हो जाती है कि जुल्म के निशान उनकी अमानवीयता की कहानी बयान कर रहे है। 



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